राजेश कुमार वर्मा
समस्तीपुर ( मिथिला हिन्दी न्यूज ) । बच्चा चोरी के नाम पर जिले में बढ़ रही हिंसक घटनाएँ रुकने का नाम नहीं ले रही है। गुरुवार को एक महिला जिसकी उम्र लगभग 25-30 वर्ष के आसपास बतायी गयी है, को भीड़ ने यह कहकर अपने कब्जे में लेने का प्रयास किया, की यह महिला बच्चा चोर है। घटना स्थानीय रेल मण्डल के रामभद्रपुर रेलवे स्टेशन की है। जानकारी के अनुसार ट्रेन नंबर 75254 दरभंगा - समस्तीपुर डेमू सवारी गाड़ी, जो की रामभद्रपुर स्टेशन पर सुबह के लगभग 10 के आसपास पहुंची, से एक महिला यात्री उतरी। तभी कुछ लोगों ने बच्चा चोर का हल्ला उठा दिया। देखते-ही-देखते सैकड़ों महिलाओं और पुरुषों के भीड़ ने उक्त विक्षिप्त सी दिखने वाली महिला को घेर लिया और उसकी पिटाई करने लगी। वहीं उपस्थित समाज के कुछ बुद्धिजीवी लोगों के प्रयास से उसे भीड़ से बचाते हुए, स्टेशन प्रबन्धक कार्यालय में ले जाया गया। लेकिन वहाँ भी भीड़ महिला को उनके हवाले करने की जिद करने लगी। इसी बीच किसी ने प्रशासन को फोन कर इसकी सूचना दी। कुछ ही देर में पुलिस प्रशासन पहुंची, लेकिन उन्हे भी महिला को अपने कब्जे में लेने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। पुलिस ने हल्का बल प्रयोग कर उसे अपनी अभिरक्षा में लिया। कई लोगों ने बताया की शक के आधार पर उसी समय एक विक्षिप्त से दिखने वाले पुरुष को भी पकड़ा गया था, लेकिन कुछ सभ्य लोगों के प्रयास से वो पहले ही उन्मादी भीड़ से बच कर भागने में सफल हो गया था। अब सवाल उठता है की जिले में रोज-रोज हो रही बच्चा चोरी की अफवाह पर जिला प्रशासन कोई कारगर कदम क्यों नही उठा रही है? कब तक कभी रेलवे के इंजीनियर, कभी विक्षिप्त महिला तो कभी कोई भिखारी इस अफवाह के शिकार होते रहेंगे? जिले के जिलाधिकारी और पुलिस कप्तान को चाहिए की बाकायदा एक रणनीति और स्पेशल टीम बनाकर जिले में नित्य दिन हो रही ऐसी घटनाओं पर अंकुश लगाए। अन्यथा हम रोज-रोज इसी तरह जिले में कानून को फेल होते देखेंगे और उसके एवज में निर्दोष महिला-पुरुष, उन्मादी भीड़ के आक्रोश को झेलते हुए अपने प्राण गँवाते नजर आते रहेंगे।
समस्तीपुर ( मिथिला हिन्दी न्यूज ) । बच्चा चोरी के नाम पर जिले में बढ़ रही हिंसक घटनाएँ रुकने का नाम नहीं ले रही है। गुरुवार को एक महिला जिसकी उम्र लगभग 25-30 वर्ष के आसपास बतायी गयी है, को भीड़ ने यह कहकर अपने कब्जे में लेने का प्रयास किया, की यह महिला बच्चा चोर है। घटना स्थानीय रेल मण्डल के रामभद्रपुर रेलवे स्टेशन की है। जानकारी के अनुसार ट्रेन नंबर 75254 दरभंगा - समस्तीपुर डेमू सवारी गाड़ी, जो की रामभद्रपुर स्टेशन पर सुबह के लगभग 10 के आसपास पहुंची, से एक महिला यात्री उतरी। तभी कुछ लोगों ने बच्चा चोर का हल्ला उठा दिया। देखते-ही-देखते सैकड़ों महिलाओं और पुरुषों के भीड़ ने उक्त विक्षिप्त सी दिखने वाली महिला को घेर लिया और उसकी पिटाई करने लगी। वहीं उपस्थित समाज के कुछ बुद्धिजीवी लोगों के प्रयास से उसे भीड़ से बचाते हुए, स्टेशन प्रबन्धक कार्यालय में ले जाया गया। लेकिन वहाँ भी भीड़ महिला को उनके हवाले करने की जिद करने लगी। इसी बीच किसी ने प्रशासन को फोन कर इसकी सूचना दी। कुछ ही देर में पुलिस प्रशासन पहुंची, लेकिन उन्हे भी महिला को अपने कब्जे में लेने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। पुलिस ने हल्का बल प्रयोग कर उसे अपनी अभिरक्षा में लिया। कई लोगों ने बताया की शक के आधार पर उसी समय एक विक्षिप्त से दिखने वाले पुरुष को भी पकड़ा गया था, लेकिन कुछ सभ्य लोगों के प्रयास से वो पहले ही उन्मादी भीड़ से बच कर भागने में सफल हो गया था। अब सवाल उठता है की जिले में रोज-रोज हो रही बच्चा चोरी की अफवाह पर जिला प्रशासन कोई कारगर कदम क्यों नही उठा रही है? कब तक कभी रेलवे के इंजीनियर, कभी विक्षिप्त महिला तो कभी कोई भिखारी इस अफवाह के शिकार होते रहेंगे? जिले के जिलाधिकारी और पुलिस कप्तान को चाहिए की बाकायदा एक रणनीति और स्पेशल टीम बनाकर जिले में नित्य दिन हो रही ऐसी घटनाओं पर अंकुश लगाए। अन्यथा हम रोज-रोज इसी तरह जिले में कानून को फेल होते देखेंगे और उसके एवज में निर्दोष महिला-पुरुष, उन्मादी भीड़ के आक्रोश को झेलते हुए अपने प्राण गँवाते नजर आते रहेंगे।
👁️ अब तक पढ़ा गया:
बार
