'हम' संरक्षक ने नीतीश कुमार पर ताना कसते हुए बोला कि नीतीश कुमार जिस उद्देश्य से बेंगलुरु गए थे,
उनका वह उद्देश्य पूरा नहीं हुआ. वह महागठबंधन के कन्वेनर बनना चाहते थे, लेकिन उन्हें कन्वेनर नहीं बनाया गया तो वह नाराज हो गए और मीटिंग छोड़कर चले आए. बोल सकते हैं इसलिए महागठबंधन में खटपट है. वे लोग जितने नजदीक आने का प्रयत्न कर रहे हैं उतने ही अलग हो रहे हैं. हमको इसलिए नहीं लगता है कि महागठबंधन का प्रयास कामयाब होगा और 2024 में फिर काफी मतों के अंतर से नरेंद्र भाई मोदी प्रधानमंत्री बनेंगे.मांझी ने विपक्षी एकत्व को 'इंडिया' नाम दिए जाने पर बोला कि 'इंडिया' नाम से महागठबंधन के लोग उत्साहित है या नहीं यह तो बोलना अलग है, लेकिन देश या धर्म के नाम पर किसी पार्टी का नाम रखना यह ठीक बात नहीं है. इस पर सभी लोग कानूनी प्रक्रिया में लगे हुए हैं. इसको पूरी तरह इलेक्शन कमिशन भी देख रहा है, इलेक्शन कमिशन को जो उचित लगेगा वह रिपोर्ट देगी. इस पर ज्यादा कुछ नहीं बोलेंगे. हम लोग प्रधानमंत्री से मिले सभी लोगों ने उनको बुके दिए. हम भी मिले हमने भी फूल के बुके उन्हें दिए, खास बातें कुछ नहीं हुई है.
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