पटना। सरकार की महत्वाकांक्षी योजना को लेकर विभाग ने एक अहम निर्णय लिया है। अब अगर किसी पक्के मकान में केवल दो ही कमरे हैं और उसमें तीन भाइयों का परिवार एक साथ रहता है, तो ऐसे मामलों में तीन में से किसी एक व्यक्ति को इस योजना का लाभ दिया जा सकेगा। विभाग का मानना है कि इस तरह के परिवार वास्तविक रूप से जरूरतमंद की श्रेणी में आते हैं, इसलिए नियमों में यह व्यावहारिक छूट दी गई है।
गौरतलब है कि राज्य में इस योजना के लाभार्थियों की पहचान के लिए व्यापक सर्वेक्षण कराया गया था। यह सर्वे 15 मई, 2025 तक चला, जिसमें ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों के परिवारों का विवरण जुटाया गया। सर्वे के दौरान आवास की स्थिति, कमरों की संख्या और परिवार के सदस्यों की जानकारी को आधार बनाया गया है।
विभागीय अधिकारियों के अनुसार, नए फैसले से उन परिवारों को राहत मिलेगी जो सीमित संसाधनों में संयुक्त रूप से रह रहे हैं और अब तक नियमों की सख्ती के कारण योजना के दायरे से बाहर हो जा रहे थे। जल्द ही इस निर्णय के आधार पर लाभार्थियों की सूची को अंतिम रूप देकर आगे की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
👉 सरकारी योजनाओं और बिहार की हर अहम खबर के लिए पढ़ते रहें — मिथिला हिन्दी न्यूज।