पटना/राज्य ब्यूरो:
बिहार सरकार ने इस वित्तीय वर्ष में रिकॉर्ड स्तर पर राजस्व संग्रह किया है, साथ ही जीएसटी वसूली में भी नया रिकॉर्ड बनाया है। इसके चलते राज्य के लगभग 10 लाख कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के वेतन-पेंशन पर बना संकट फिलहाल टल गया है।
लेकिन राहत की खबर के बीच एक बड़ी समस्या अब भी बनी हुई है — कर्मचारियों के खातों में अभी तक पैसा नहीं पहुंचा है।
कब से शुरू होगा भुगतान?
सरकारी सूत्रों के अनुसार:
- सचिवालय के करीब 50 हजार कर्मचारियों को 6 अप्रैल से भुगतान शुरू करने का लक्ष्य है
- जिलों में तैनात कर्मचारियों को 4 अप्रैल से भुगतान शुरू करने की योजना है
👉 यानी चरणबद्ध तरीके से वेतन और पेंशन जारी किया जाएगा।
खजाने की स्थिति क्या है?
- राज्य सरकार फिलहाल केंद्र से मिलने वाले 8500 करोड़ रुपये के टैक्स हिस्से का इंतजार कर रही है
- यह राशि 10 अप्रैल तक मिलने की उम्मीद है
- फंड मिलने के बाद इसे ट्रेजरी में ट्रांसफर किया जाएगा
भुगतान में देरी क्यों?
- सरकार ट्रेजरी से फंड ट्रांसफर की गति को धीमा रखेगी
- इसका उद्देश्य है कि आपातकालीन खर्चों के लिए नकदी की कमी न हो
👉 यानी सरकार एक संतुलन बनाकर खर्च कर रही है, ताकि अचानक किसी स्थिति में फंड की कमी न पड़े।
पहले ही हो चुका है बड़ा खर्च
- केंद्र की योजनाओं के मैचिंग ग्रांट में सरकार पहले ही
👉 3,631 करोड़ रुपये खर्च कर चुकी है
इससे भी खजाने पर दबाव बना हुआ है।
कर्मचारियों के लिए क्या संदेश?
👉 वेतन-पेंशन का संकट टल गया है, लेकिन
👉 भुगतान में थोड़ा और इंतजार करना पड़ सकता है
👉 सरकार जल्द ही चरणबद्ध तरीके से सभी के खाते में राशि भेजने की तैयारी में है
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