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चमकी पर प्रभावी नियंत्रण को बनेगा जिला व प्रखंड स्तर पर व्हाट्सएप ग्रुप व कंट्रोल रूम

 - एईएस/जेई(चमकी बुखार) को लेकर जिलाधिकारी ने किया बैठक।
- जिले को जोन में बांटकर कर वरीय अधिकारियों को मिलेगी जबाबदेही
- मार्च के प्रथम सप्ताह में मेगा प्रशिक्षण कैम्प का होगा आयोजन
- पंचायत स्तरीय जनप्रतिनिधियों को भी दिया जाएगा प्रशिक्षण
- विशेष प्रभावित चार प्रखंडो के लिए विशेष रणनीति बनाई जाएगी

प्रिंस कुमार 
सीतामढ़ी। 26 फरवरी
जिलाधिकारी ने समाहरणालय स्थित अपने कार्यालय कक्ष में शुक्रवार को स्वास्थ्य विभाग के वरीय अधिकारियों के साथ बैठक कर एईएस/जेई (चमकी बुखार)से निपटने को लेकर तैयारियो का समीक्षा किया। उन्होंने कहा कि जिले को जोन में बांटकर वरीय अधिकारियों को जबाबदेही दी जाएगी,वही प्रखंड स्तरीय पदाधिकारी को नोडल बनाकर आशा,आंगनबाड़ी,जीविका आदि के साथ टैग किया जाएगा, जिससे पंचायत स्तर पर सघन मॉनिटरिंग हो सके। सभी प्रखंडो का अपना व्हाटसअप ग्रुप भी बनाया जाएगा,ताकि पूरी समन्वय के साथ कार्य किया जा सके। उन्होंने कहा कि चार विशेष रूप से प्रभावित प्रखंडो यथा रुन्नीसैदपुर, डुमरा,सोनवर्षा एवम नानपुर के लिए विशेष रणनीति बनाई जाएगी। सभी चारो प्रखंडो के लिए स्वास्थ्य विभाग के एक-एक वरीय पदाधिकारी को जबाबदेही दी जाएगी। एम्बुलेंस के अतिरिक्त मुख्यमंत्री ग्राम परिवहन योजना के वाहनों को भी टैग किया जाएगा। जिलाधिकारी ने जिला परिवहन पदाधिकारी को निर्देश दिया कि मुख्यमंत्री ग्राम परिवहन योजना अंतर्गत दिए गए वाहनों एवम उसकी संपर्क नंबर की पंचायतवार सूची उपलब्ध करवाना सुनिश्चित करे ताकि उसे टैग किया जा सके एवम सुदूर गाँव के मरीजों को ससमय आवश्यक उपचार हेतु अस्पताल पहुचाया जा सके। उन्होंने कहा चमकी बुखार को लेकर मार्च के प्रथम सप्ताह में मेगा प्रशिक्षण कैम्प का आयोजन करवाना सुनिश्चित करे ताकि आशा, आंगनबाड़ी सेविका/सहायिका, जीविका आदि का उन्मुखीकरण किया जा सके। जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि
एईएस/ जेई के सभी आवश्यक दवा एवं उपकरण की उपलब्धता सभी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर हर हाल में सुनिश्चित करा लें। सिविल सर्जन एवं पीएचसी प्रभारी को इसकी जबाबदेही दी गई। उन्होंने कहा की एईएस/ जेई के लिए प्रखंड स्तर पर सुरक्षित दो बेड की सभी व्यवस्थाओं का जायजा लेकर रिपोर्ट करे। चिकित्सा पदाधिकारी एवं एएनएम की रोस्टर बना लें जो 24*7 क्रियाशील रहेंगे। जिलाधिकारी ने जिला स्तर पर एक व्हाट्सएप ग्रुप बनाने का निर्देश दिया।
जिले एवं प्रखंड स्तर पर एक कंट्रोल रूम स्थापित करने एवम उसके नंबर की आमलोगों तक जानकारी हेतु व्यापक प्रचार प्रसार करने निर्देश भी जिलाधिकारी ने दिया।
जिला स्तर के कंट्रोल रूम में एईएस/ जेई से संबंधित 
सभी प्रखंडों में एंबुलेंस का टैगिंग के साथ-साथ मुख्यमंत्री परिवहन योजना में दिए गए वाहनों का पंचायत वार संपर्क नंबर भी उपलब्ध करवाने का निर्देश जिलाधिकारी द्वारा दिया गया।उक्त बैठक में सिविल सर्जन डॉ राकेश,निर्देशक डीआरडीए मुमुक्ष चौधरी,डीपीआरओ परिमल कुमार,डीएमओ डॉ रविन्द्र कुमार यादव, डीपीएम अशीत रंजन,एसएमओ सुरेंद्र चौधरी सहित कई वरीय अधिकारी उपस्थित थे।

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